किसी ने रोज़े की हालत में रोज़ा याद होने के बावुजूद इत्र कि शीशी को मुंह के पास अपना नाक ले जाकर सूंघा जिस से खुशबू पूरे नाक में चली गई तो क्या इससे रोज़ा टूट जाएगा।*1️⃣6️⃣

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*🌹الصــلوة والسلام عليك يارسول الله ﷺ*
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*🧮 पोस्ट 16▪️*

*📝 सवाल-;*
*📇 किसी ने रोज़े की हालत में रोज़ा याद होने के बावुजूद इत्र कि शीशी को मुंह के पास अपना नाक ले जाकर सूंघा जिस से खुशबू पूरे नाक में चली गई तो क्या इससे रोज़ा टूट जाएगा।*

*✍️ जवाब-:*
*📇 रोज़ा नहीं टूटेगा लोबान और अगरबत्ती का वही हुक्म है जो धूँवे और गुबार का है यानी अगर रोज़ा याद होने की सूरत में धुंआ अंदर ले जाने की निय्यत से नाक क़रीब कर के सूंघा तो रोज़ा टूट जाएगा और अगर रोजदार होना याद न हो यानी भूले से सूंघा तो रोज़ा ना जायेगा*
*रूम स्पेरे की कमरे में फैली हुई खुशबू या इत्र (अत्र) सूंघने से मुतलक़न रोज़ा नहीं टूटेगा क्योंकि इत्र सूंघने से कोई ऐसी मादी चीज़ हल्क़ में नहीं जाती जो (रोज़ा) टूटने का बाइस (सबब) बन सके ख्वाह इत्र की शीशी के मुंह पर नाक रख कर सूंघा जाए या कपड़ो और हाथो पर लगाकर सूंघा जाए गुलाब या मुश्क वगैरा सूंघना, दाढ़ी मूंछ में तेल लगाना और सुरमा लगाना मकरूह नहीं और रोज़े की हालत में हर क़िस्म का इत्र सूंघ भी सकते हैं और कपड़ो पर लगा भी सकते हैं*
*📚 शाने रमज़ान सफ़ह 102, 123*

*👉 नोट:- खुलासा यह कि लोबान और अगरबत्ती और गाड़ी का धुंआ या गर्दो गुबार आटा वगैरा ये सब अपने आप नाक में आए तो रोज़ा नहीं टूटेगा और अगर जान बूझ कर नाक क़रीब कि इसको नाक में लेकर जाएंगे तो रोज़ा टूट जायेगा जबकि इत्र ऐसा नहीं है इसको जान बूझ कर भी सूंघा जाए तो इस से रोज़ा नहीं टूटेगा।*
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*💉 अपनी औलादो में आला हज़रत की मोहब्बत डाल दो वरना बड़े होकर अपने मां बाप की कब्र पर जाना भी 😝शिर्क समझेंगे।*

*💓 हैं पुश्त-पनाह ग़ौषे आज़म​* 
*क्युं डरते हो तुम रज़ा किसी से*

*👏 अल्लाह हमे अपने महबूब हुज़ूर सल्लल्लाहों अलैहि वसल्लम के सदक़े तुफैल इल्मे दीन सीखने समझने और अमल करने की तौफ़िक अता करे।*
*▪ امیــــــن ▪*


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